Chhattisgarh High Court News:-DEO नियुक्ति पर हाईकोर्ट की सख्ती, सरकार का आदेश निरस्त, जानिए क्या है पूरा मामला
Chhattisgarh High Court News:-छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार-भाटापारा जिले में जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) की नियुक्ति को लेकर बड़ा कानूनी घटनाक्रम सामने आया है। संदीप शर्मा की जिला शिक्षा अधिकारी के रूप में नियुक्ति को छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय ने निरस्त कर दिया है। यह फैसला लवन में पदस्थ वरिष्ठ प्राचार्य हरिशंकर जोशी की ओर से दायर याचिका पर सुनाया गया।
याचिकाकर्ता हरिशंकर जोशी का कहना था कि संदीप शर्मा उनसे करीब 10 वर्ष जूनियर हैं। उनका मूल पद प्रधानपाठक था और वे वर्ष 2012 से प्रतिनियुक्ति पर छत्तीसगढ़ राज्य ओपन स्कूल में कक्ष अधिकारी के रूप में कार्यरत थे। बाद में 27 नवंबर 2025 को उन्हें प्राचार्य पद पर पदोन्नत किया गया और फिर दोबारा प्रतिनियुक्ति पर ओपन स्कूल में ही पदस्थ कर दिया गया।
इसके बाद राज्य शासन ने 10 जून 2026 को संदीप शर्मा को बलौदाबाजार-भाटापारा का जिला शिक्षा अधिकारी नियुक्त कर दिया। इस नियुक्ति को वरिष्ठता और सेवा नियमों के आधार पर चुनौती देते हुए हरिशंकर जोशी ने वरिष्ठ अधिवक्ता हमीदा सिद्धीकी के माध्यम से हाईकोर्ट में याचिका दायर की।

Chhattisgarh High Court News:-हाईकोर्ट ने क्या कहा?
मामले की सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति विभु दत्ता गुरु की एकल पीठ ने राज्य शासन के नियुक्ति आदेश को निरस्त कर दिया। हालांकि अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि राज्य सरकार संबंधित अधिकारी को जिला शिक्षा अधिकारी का प्रभार देने के संबंध में कानून और नियमों के अनुरूप नया एवं उपयुक्त आदेश जारी करने के लिए स्वतंत्र रहेगी।
इस आदेश के साथ ही हरिशंकर जोशी की याचिका स्वीकार कर ली गई।
Chhattisgarh High Court News:-पहले भी आ चुका है ऐसा मामला
गौरतलब है कि इससे पहले भी बिलासपुर हाईकोर्ट में जिला शिक्षा अधिकारी की नियुक्ति से जुड़ा एक मामला सामने आया था, जिसमें न्यायालय ने नियुक्ति आदेश को निरस्त किया था। ऐसे में यह फैसला शिक्षा विभाग में वरिष्ठता और नियुक्ति प्रक्रिया को लेकर महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
