जेल में नाइजीरियन बंदी की फांसी, मामले में मुख्य प्रहरी निलंबित…
रायपुर। सेंट्रल जेल रायपुर में नाइजीरियन बंदी पेैट्रिक यूबीके बाओको के फांसी लगाने पर मुख्य प्रहरी चिंतानी लाल को निलंबित कर दिया गया है। साथ ही प्रकरण की जांच करने के आदेश जेल अधीक्षक द्वारा दिए गए हैं। प्राथमिक जांच में बंदी द्वारा टॉवेल का धागा निकालकर उसकी मोटी रस्सी बनाकर खुदकुशी करने की बात सामने आई है। उसके द्वारा सेल 10 नंबर के रोशनदान में लगे राड में 28 जनवरी को दोपहर 12.30 बजे लटके हुए देखा गया था।
बताया जाता है कि नाइजीरियन बंदी को चार माह पूर्व स्पेशल सेल में शिट किया गया था। उसके आसपास बने सेल में कई अन्य गंभीर अपराध में संलिप्त विचारधीन बंदियों को रखा गया है। इसकी निगरानी करने की जिमेदारी मुय प्रहरी चिंतानी लाल को दी गई थी। सेल में बंदी द्वारा खुदकुशी करने की घटना को गंभीर लापरवाही मानते हुए उसे निलंबित किया है। जेल अधीक्षक अमित शांडिल्य का कहना है कि लापरवाही बरतने पर मुय प्रहरी को निलंबित कर दिया गया है। साथ ही प्रकरण की विभागीय जांच कर रिपोर्ट मांगी गई है। खुदकुशी करने वाला नाइजीरियन बंदी के अस्वस्थ्य होने के कारण मेडिकल डाइट दिया जा रहा था। उसे भोजन में दूध, प्रोटीन पावडर के साथ अंडे दिए जा रहे थे।
तनावग्रस्त
ड्रग सप्लाई करने के आरोप में रायपुर सेंट्रल जेल में बंद पैट्रिक यूबीके बाओको को छोड़ उसके अन्य साथियों को कोर्ट से जमानत मिल गई है। इसके बाद से उसे तनावग्रस्त देखने की बात कही जा रही है। अपने साथियों के जमानत मिलने के बाद उसे अपनी भाषा में बड़बड़ाते हुए भी देखना बताया जा रहा है। हालांकि इसके संबंध में अन्य प्रहरियों और बंदियो से पूछताछ कर जानकारी ली जा रही है।
