देवर्षि नारद से सीखें संवाद की कला: पत्रकारिता को मूल्यों से जोड़ने की जरूरत – हितेश शंकर…
रायपुर। देवर्षि नारद केवल एक पौराणिक चरित्र नहीं, बल्कि संवाद और सूचना के आदर्श हैं। वे देवताओं और असुरों दोनों से संवाद करते थे और उनकी बातों पर हर वर्ग भरोसा करता था। आज की पत्रकारिता में यह भरोसा और संतुलन खो गया है ऐसा कहना है पाञ्चजन्य के संपादक हितेश शंकर का। दरअसल राजधानी…
